सुप्रीम कोर्ट ने देशभर में केंद्र सरकार की ‘स्कूल जाने वाली लड़कियों के लिए मासिक स्वच्छता नीति’ के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर एक ऐतिहासिक निर्णय सुनाया है. कोर्ट ने कहा कि मासिक स्वच्छता (Menstrual Hygiene) और मासिक स्वास्थ्य का अधिकार संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत जीने के अधिकार और निजता के अधिकार का अभिन्न हिस्सा है.
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