भा को ख म संघ बीना सोनभद्र उ प्र द्वारा जेबीसीआई 12 के गठन में विलम्ब को लेकर आंदोलन का तीसरा दिन
*भा को ख म संघ बीना सोनभद्र उ प्र द्वारा जेबीसीआई 12 के गठन में विलम्ब को लेकर आंदोलन का तीसरा दिन*
*सोनभद्र, 27 जून 2026*: अखिल भारतीय खदान मजदूर संघ के आह्वान पर भा को ख म संघ बीना सोनभद्र उ प्र के नेतृत्व में जेबीसीआई 12 के गठन में हो रहे विलम्ब के विरोध में 6 दिवसीय आंदोलनात्मक कार्यक्रम का तीसरा दिन आज तीनों परियोजनाओं में सम्पन्न हुआ।
*ककरी समयपाल ऑफिस* में *अध्यक्षता श्री के बी राय जी* ने की एवं *संचालन श्री नागेन्द्रजी * ने किया। *मुख्य अतिथि एवं वक्ता श्री अरुण कु दुबे, प्रदेश मंत्री बी एम एस उप्र* ने कहा कि साथियों, बी एम एस नेतृत्व आज प्रबंधन को चेतावनी दे रहा है। JBCCI-12 को लटकाकर आपने सिर्फ NCL के नहीं, पूरे कोयला श्रमिकों को चुनौती दी है। 11वां वेतन समझौता समाप्त हो रहा है। महंगाई आसमान छू रही है और श्रमिक का परिवार आज भी पुराने वेतन पर गुजारा कर रहा है। ABKBMSयह बर्दाश्त नहीं करेगा। मैं कोल इंडिया प्रबंधन से पूछता हूं – क्या श्रमिकों के खून-पसीने की कमाई पर कुंडली मारकर बैठना चाहते हो? ककरी से शुरू हुआ यह आंदोलन दिल्ली तक गूंजेगा। अगर शीघ्र गठन नहीं हुआ तो हम बड़ा आंदोलन छेड़ेंगे। ककरी के श्रमिक तैयार रहें, यह लड़ाई अब आर-पार की है। *श्री बनारसी प्रसाद, श्री सोमदत्त तिवारी, केंद्रीय कार्यालय मंत्री श्री नरेंद्र कुमार* सहित समस्त पदाधिकारी, सैकड़ों कार्यकर्ता तथा श्रमिक उपस्थित रहे।
*खड़िया समयपाल ऑफिस* में *अध्यक्षता श्री मिंज* ने की एवं *संचालन श्री अमित यादव* ने किया। *मुख्य वक्ता श्री नरेंद्र कुमार, केंद्रीय कार्यालय मंत्री* ने कहा कि खड़िया के श्रमिकों का यह आंदोलन अब निर्णायक मोड़ पर है। JBCCI-12 का गठन टालकर प्रबंधन श्रमिकों के धैर्य की परीक्षा ले रहा है। पूरे देश के कोयला श्रमिकों की पीड़ा से वाकिफ हूं। आज वही पुरानी कहानी दोहराई जा रही है – वेतन पुनरीक्षण के नाम पर टालमटोल। लेकिन इस बार खड़िया का मजदूर चुप नहीं बैठेगा। अगर गठन की प्रक्रिया तुरंत शुरू नहीं हुई तो हम चरणबद्ध आंदोलन को उग्र करेंगे। श्रमिक नहीं तो कोयला नहीं, यह सिर्फ नारा नहीं चेतावनी है। *संयुक्त मंत्री विकास पटेल, उपाध्यक्ष राजकुमार* उदित शुक्ला सहित समस्त पदाधिकारी, सैकड़ों कार्यकर्ता तथा श्रमिक उपस्थित रहे।
*कृष्णशिला समयपाल ऑफिस* में *अध्यक्षता श्री के डी तिवारी* ने की एवं *संचालन श्री स्वतंत्र सिंह* ने किया। *मुख्य अतिथि वक्ता श्री कंचन कुमार अविनाश, कंपनी सेफ्टी बोर्ड सदस्य* ने कहा कि क्या श्रमिक की आर्थिक सुरक्षा, सुरक्षा नहीं है? खदान में हेलमेट पहनाकर भेज देते हो, लेकिन उसकी तनख्वाह की सुरक्षा कौन करेगा? JBCCI-12 लटकाकर आपने श्रमिक को मानसिक तनाव में डाल दिया है। तनाव में काम करने वाला मजदूर ही दुर्घटना का शिकार होता है। प्रबंधन को यह समझना होगा कि वेतन समझौता सिर्फ पैसे का मामला नहीं है, ये श्रमिक के सम्मान का मामला है। जेबीसीसीआई 12 का गठन नहीं हुआ तो हम सेफ्टी को लेकर भी सवाल खड़े करेंगे। तब उत्पादन अपने आप रुक जाएगा। समस्त पदाधिकारी, सैकड़ों कार्यकर्ता तथा श्रमिक उपस्थित रहे।
तीनों परियोजनाओं में BMS के बैनर तले “जे.बी.सी.आई. 12 का गठन करो” के गगनभेदी नारे लगाए गए।

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